
Friday, October 21, 2011
ऐसे, ऐसे, ऐसे ... ... ... : रावेंद्रकुमार रवि का बालगीत

नियमावली : कोई भी भेज सकता है, "सरस पायस" पर प्रकाशनार्थ रचनाएँ!
"सरस पायस" के अनुरूप बनाने के लिए प्रकाशनार्थ स्वीकृत रचनाओं में आवश्यक संपादन किया जा सकता है। रचना का शीर्षक भी बदला जा सकता है। ये परिवर्तन समूह : "आओ, मन का गीत रचें" के माध्यम से भी किए जाते हैं!
प्रकाशित/प्रकाश्य रचना की सूचना अविलंब संबंधित ईमेल पते पर भेज दी जाती है।
मानक वर्तनी का ध्यान रखकर यूनिकोड लिपि (देवनागरी) में टंकित, पूर्णत: मौलिक, स्वसृजित, अप्रकाशित, अप्रसारित, संबंधित फ़ोटो/चित्रयुक्त व अन्यत्र विचाराधीन नहीं रचनाओं को प्रकाशन में प्राथमिकता दी जाती है।
रचनाकारों से अपेक्षा की जाती है कि वे "सरस पायस" पर प्रकाशनार्थ भेजी गई रचना को प्रकाशन से पूर्व या पश्चात अपने ब्लॉग पर प्रकाशित न करें और अन्यत्र कहीं भी प्रकाशित न करवाएँ! अन्यथा की स्थिति में रचना का प्रकाशन रोका जा सकता है और प्रकाशित रचना को हटाया जा सकता है!
पूर्व प्रकाशित रचनाएँ पसंद आने पर ही मँगाई जाती हैं!
"सरस पायस" बच्चों के लिए अंतरजाल पर प्रकाशित पूर्णत: अव्यावसायिक हिंदी साहित्यिक पत्रिका है। इस पर रचना प्रकाशन के लिए कोई धनराशि ली या दी नहीं जाती है।
अन्य किसी भी बात के लिए सीधे "सरस पायस" के संपादक से संपर्क किया जा सकता है।
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9 comments:
बहुत खूब ..
बहुत ही सुन्दर... शुभ दीपावली.....
दीवाली पर दीप जले कुछ ऐसे, ऐसे, ऐसे ... ... ...
मम्मी की गोदी में छोटा भइया पलता जैसे!
बहुत खुबसूरत भाव रवि जी,
सुन्दर बाल गीत,
आपको सपरिवार दीप पर्व की सादर शुभकामनाएं....
बहुत हि सुन्दर!
दीवाली कि हार्दिक शुभकामनायें!
बहुत सुंदर .....शुभकमनाएं आपको...
"Ashnoor Kaur, Shobha Somnath Ki, Jhansi ki Prachi is looking very beautiful."
आपको गोवर्धन अथवा अन्नकूट पर्व की हार्दिक मंगल कामनाएं,
सुन्दर रचना!
आपको और आपके पूरे परिवार को दीपावली, गोवर्धनपूजा और भइयादूज की शुभकामनाएं!
bhut sunder ......
pic vry beautiful ....
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