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मंगलवार, अक्तूबर 12, 2010

मुझसे कभी न तुम घबराना : प्रियंका गुप्ता का नया बालगीत

मुझसे कभी न तुम घबराना


चिड़िया रानी, चिड़िया रानी,
मेरे आँगन में तुम आना।

अपने नन्हे-मुन्ने मुँह से,
मुझको मीठा गीत सुनाना।
साथ तुम्हारे मिलकर मैं भी,
गाऊँगी यह गीत सुहाना।
चिड़िया रानी ... ... .

राह तुम्हारी देखा करती,
मुझसे कभी न तुम घबराना।
फुदक-फुदककर आते रहना,
मैं डालूँगी तुमको दाना।
चिड़िया रानी ... ... .

सोचा करती तुम्हें देखकर,
मैं भी उड़कर पर फैलाना।
इधर-उधर की सैर कराने,
साथ मुझे भी लेती जाना।
चिड़िया रानी ... ... .

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प्रियंका गुप्ता
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चित्र : गूगल खोज से साभार

10 टिप्‍पणियां:

Saba Akbar ने कहा…

वाह !! बहुत सुन्दर बालगीत

राज भाटिय़ा ने कहा…

बहुत सुंदर जी , धन्यवाद

माधव( Madhav) ने कहा…

बहुत सुन्दर बालगीत

डॉ. मोनिका शर्मा ने कहा…

बहुत सुंदर ....वाह

रानीविशाल ने कहा…

बहुत ही प्यारा बाल गीत है .....आभार !
नन्ही ब्लॉगर
अनुष्का

रावेंद्रकुमार रवि ने कहा…

ई-पत्र से प्राप्त -

कविता व चित्र दोनों ही सुंदर हैं।
kavita v chitr dono hi sundar hai.

धन्यवाद।
dhanyabad.

डॉ. दिनेश पाठक शशि। मथुरा।
Dr.Dinesh Pathak Shashi. Mathura.

चैतन्य शर्मा ने कहा…

सुन्दर बाल कविता....

Akshita (Pakhi) ने कहा…

वाह, कित्ता प्यारा बाल-गीत..मजा आ गया.


____________________
'पाखी की दुनिया' के 100 पोस्ट पूरे ..ये मारा शतक !!

गिरिजा कुलश्रेष्ठ ने कहा…

प्यारी कविता है ।

Gorkhram choudhary ने कहा…

सबसे अच्छा गीत है आपका सबचु बङीया है आपकी
सीङी का चीत्र सबसु प्यारो है मेरो भारत और आप
युही हमारे साथ बन्ये रहीय /
मैं गोरखाराम चौधरी:09587736158

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